फ़ाइल सं. IJM-0023
वर्गीकरण: ऐतिहासिक अभिलेखागार
हेलन केलर
Helen Keller
लेखिका एवं सामाजिक कार्यकर्ता

खंड I -- व्यक्ति परिचय
| नाम | हेलन केलर |
|---|---|
| अंग्रेज़ी | Helen Keller |
| राष्ट्रीयता | संयुक्त राज्य अमेरिका |
| जीवनकाल | 1880–1968 |
| लिंग | महिला |
| शताब्दी | 19वीं सदी |
| क्षेत्र | साहित्य |
| पदवी | लेखिका एवं सामाजिक कार्यकर्ता |
खंड II -- सारांश
1880 में अलबामा के टस्कम्बिया में एक पूर्व संघीय सेना अधिकारी के घर जन्मी हेलन केलर पहले 19 महीनों तक एक सामान्य, जीवंत शिशु थीं।पहला और विनाशकारी मोड़ 1882 में आया जब एक गंभीर बीमारी — संभवतः स्कार्लेट ज्वर या मैनिन्जाइटिस — ने उनकी दृष्टि और श्रवण दोनों छीन लीं।
शब्दों और छवियों के बिना पली बच्ची उग्र, क्रोधी और अलग-थलग हो गई — बिना किसी भाषा के वे अपनी कुंठा भोजन पटकने, चीखने और मारपीट से व्यक्त करतीं।परिवार ने उन्हें संस्थान में भेजने पर विचार किया, परंतु माँ ने चार्ल्स डिकेंस की एक पुस्तक में बहरी-अंधी लड़की लौरा ब्रिजमैन की कहानी पढ़कर आशा नहीं छोड़ी।
दूसरा और जीवन-परिवर्तक मोड़ 1887 में आया जब पर्किन्स इंस्टीट्यूट फॉर द ब्लाइंड से 20 वर्षीय ऐन सुलिवन उनकी शिक्षिका के रूप में आईं।सप्ताहों के संघर्ष के बाद, पंप पर पानी का चमत्कारी क्षण आया — ऐन ने हेलन के एक हाथ पर पानी डाला और दूसरी हथेली पर 「पानी」 शब्द की वर्तनी बनाई।
उस क्षण भाषा का द्वार खुला।हेलन ने तेज़ी से पढ़ना-लिखना सीखा, फिर बोलना भी।1904 में रैडक्लिफ कॉलेज से सम्मान के साथ स्नातक हुईं — दुनिया की पहली बहरी-अंधी व्यक्ति जिसने यह डिग्री प्राप्त की।
बाद के जीवन में उन्होंने 12 पुस्तकें लिखीं, 39 देशों में व्याख्यान दिए, विकलांग अधिकारों, महिला मताधिकार और शांतिवाद की वकालत की, ACLU की सह-स्थापना की।1964 में राष्ट्रपति स्वतंत्रता पदक मिला।
1968 में कनेक्टिकट में 87 वर्ष की आयु में निधन हुआ।
खंड III -- कालरेखा
खंड IV -- प्रसिद्ध कथन
“दुनिया की सबसे अच्छी और सुंदर चीज़ें न देखी जा सकती हैं न छुई जा सकतीं, उन्हें दिल से महसूस करना होता है।”
“अंधेरे में ही तारे दिखाई देते हैं।”
खंड V -- फ़ील्ड नोट्स
[A]पानी: सफलता का क्षण
जब ऐन सुलिवन ने हेलन के एक हाथ पर पानी डाला और दूसरे हाथ पर「पानी」शब्द लिखा, तो हेलन ने पहली बार समझा कि हर वस्तु का एक नाम होता है। इस क्षण ने उनके लिए भाषा की पूरी दुनिया खोल दी।
केलर ने साबित किया कि बहरापन-अंधापन किसी व्यक्ति को उच्चतम बौद्धिक और सामाजिक उपलब्धियों को प्राप्त करने से नहीं रोक सकता। उनकी वकालत ने विकलांगता के प्रति जनता के दृष्टिकोण को बदल दिया और विकलांग लोगों के लिए शिक्षा एवं सेवाओं में महत्वपूर्ण सुधार किए। वे दृढ़ता और शिक्षा की परिवर्तनकारी शक्ति का वैश्विक प्रतीक बन गईं।
- [01]द स्टोरी ऑफ़ माई लाइफ़ (1903)
- [02]द वर्ल्ड आई लिव इन (1908)
- [03]अमेरिकन सिविल लिबर्टीज़ यूनियन (ACLU) की सह-स्थापना (1920)
- [04]अमेरिकन फ़ाउंडेशन फ़ॉर द ब्लाइंड के लिए वकालत कार्य
- [05]आउट ऑफ़ द डार्क (1913)



